प्रेस रिव्यू: जियो इंस्टीट्यूट पर भिड़े केंद्र सरकार के दो मंत्रालय

केंद्र सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने कुछ समय पहले रिलायंस ग्रुप के जियो इंस्टीट्यूट को इंस्टीट्यूट ऑफ़ इमिनेंस का दर्जा दिए जाने के बाद विवाद का सामना किया था. अब इस मामले में एक नया मोड़ आया है.
अंग्रेज़ी अख़बार इंडियन एक्सप्रेस ने इस मामले पर लिखा है कि केंद्र सरकार के दो मंत्रालय जियो इंस्टीट्यूट को विशेष दर्जा दिए जाने के मुद्दे पर आमने-सामने आ गए थे.
इंडियन एक्सप्रेस ने आरटीआई की मदद से ये जानकारी हासिल की है जिसमें वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग ने कहा है कि ये तरीका इस तरह के संस्थानों को स्थापना से पहले ही अपनी ब्रांड वैल्यू सुधारने का मौका दे देगा और उन्हें पहले से मौजूद सरकारी और निजी संस्थानों से ऊपर की जगह मिल जाएगी.
व्यय विभाग ने ये भी कहा है कि उच्च शिक्षा की गुणवत्ता के लिए ये सही नहीं है कि किसी संस्था को सिर्फ़ इस आधार पर ये दर्जा दे दिया जाए कि उसे बनाने वाले का इरादा नेक है.
हालांकि, इससे पहले ऐसे संस्थानों को विशेष दर्जा दिए जाने के मुद्दे पर मानव संसाधन विकास मंत्रालय में ही विरोध के स्वर सामने आए थे.
27 जुलाई 2016 को उच्च शिक्षा विभाग ने पांच डिविज़नल हेड्स के लिए एक नोट जारी किया जिसमें ये पूछा गया कि क्या इंस्टीट्यूट ऑफ़ इमिनेंस रेगुलेशंस को लेकर जो ड्राफ़्ट आया है वो केंद्र सरकार की मदद पर चलने वाले शैक्षणिक संस्थानों के प्रावधानों का उल्लंघन तो नहीं है.
इसके जवाब में आईआईटी, एनआईटी, आईआईआईटी और एआईसीटीई पर नज़र रखने वाले विभाग ने लिखा कि इंटरनेशनल रैंकिंग के लिहाज से पूर्व छात्रों की वैश्विक छवि और शोध बेहद अहम हिस्से हैं. ऐसे में नए संस्थान पांच सालों में इस स्तर तक नहीं पहुंच सकते हैं. इसलिए मौजूदा संस्थानों पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए जो कि ग्लोबल रैंकिंग परिदृश्य में हों.
जनसत्ता की रिपोर्ट के मुताबिक आम आदमी पार्टी की वरिष्ठ नेता और उत्तर पूर्वी दिल्ली लोकसभा सीट पर पार्टी की प्रभारी (उम्मीदवार) आतिशी मार्लेना ने अपना नाम अब केवल आतिशी कर लिया है.
प्रचार के लिए लग रहे या बन रहे किसी भी पोस्टर, बैनर, होर्डिंग, पैम्फ़लेट में अब केवल आतिशी ही लिखा जा रहा है.
आप सूत्रों के मुताबिक 'पार्टी को कभी आतिशी मार्लेना के सरनेम में कोई समस्या नहीं लगी, लेकिन जबसे उनको पूर्वी दिल्ली सीट का प्रभारी बनाया गया तबसे बीजेपी ने ये अफ़वाह उड़ानी शुरू कर दी कि आतिशी एक ईसाई हैं जबकि आतिशी मूल रूप से पंजाबी राजपूत परिवार से हैं.
हालांकि आम आदमी पार्टी ने इस रिपोर्ट का खंडन किया है.की रिपोर्ट के मुताबिक़ सु्प्रीम कोर्ट में दाग़ी नेताओं के मामले पर चल रही बहस मंगलवार को पूरी हो गई और कोर्ट ने फ़ैसला सुरक्षित रख लिया है.
सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने इस मामले पर विरोध जताया. उन्होंने कहा कि राजनीति में शुचिता की मंशा रखना तारीफ़ के काबिल है, लेकिन न्यायपालिका को ऐसे मामलों में दखल नहीं देना चाहिए.
वेणुगोपाल ने कहा कि जब तक किसी व्यक्ति पर जुर्म साबित नहीं हो जाता तब तक उसे अपराधी नहीं माना जा सकता. ऐसे में कोर्ट उसके मताधिकार पर रोक नहीं लगा सकता क्योंकि मताधिकार में ही चुनाव लड़ने का अधिकार शामिल है.
सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में मांग की गई थी कि किसी जन प्रतिनिधि पर आरोप तय होने पर उसकी सदस्यता रद्द कर देनी चाहिए. गंभीर अपराध और आरोप तय हो चुके व्यक्ति को चुनाव लड़ने की इजाज़त भी नहीं दी जानी चाहिए.की ख़बर के मुताबिक राष्ट्रीय बाल अधिकार सुरक्षा समिति (एनसीपीसीआर) की एक सोशल ऑडिट रिपोर्ट में देश के बाल गृहों की भयावह स्थिति सामने आई है.
मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट के सामने पेश की गई रिपोर्ट में सामने आया है कि ज़्यादातर बाल पोषण गृह अनिवार्य मानकों और नियमों को अनदेखा कर रहे हैं और बहुत कम बाल गृह ही नियमों के मुताबिक चल रहे हैं.
एनसीपीसीआर ने बताया कि अब तक जांच दलों द्वारा देखे गए कुल 2,874 बाल आश्रय गृहों में से केवल 54 को ही सभी छह जांच समितियों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है, बाकी सभी मानकों पर खरे नहीं उतरे हैं.ख़बार में छपा है कि केंद्रीय दूरसंचार मंत्रालय की पहल से ख़ुद पता लगाया जा सकता है कि जो पुराना मोबाइल आप खरीदने जा रहे हैं, कहीं वह चोरी का तो नहीं.
उपभोक्ता को सेकेंड हैंड मोबाइल फ़ोन खरीदते वक्त हेल्पलाइन नंबर) संदेश भेजना होगा.
चोरी और बदले गए इंटरनेशल मोबाइल एक्यूपमेंट आइडेंटिटी (आईएमईआई) वाले मोबाइल फ़ोन के ज़रिये आपराधिक तथा आतंकी गतिविधियों के बढ़ते मामलों के मद्देनजर सरकार ने यह रास्ता निकाला है.
दैनिक हिंदुस्तान की ख़बर के मुताबिक भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने चंद्रयान-2 की लॉन्चिंग की तारीख़ का एलान कर दिया है. इसरो के चेयरमैन के शिवन ने मंगलवार को बताया कि इसे तीन जनवरी को लॉन्च किया जाएगा.
यह 16 फ़रवरी को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के नज़दीक तय स्थान पर उतर जाएगा. इसके अलावा भारत में अंतरिक्ष में मानव मिशन 'गगनयान' भी भेजेगा.
इसरो ने भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन 'गगनयान' का खाका भी तैयार कर लिया है. इसके ज़रिए तीन अंतरिक्ष यात्री 350 से 400 किलोमीटर की ऊंचाई पर अंतरिक्ष यान में बैठकर पृथ्वी का चक्कर लगाएंगे.
गगनयान से भेजे जाने वाले अंतरिक्ष यात्रियों को क़रीब तीन साल प्रशिक्षण दिया जाएगा.

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